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AAJ KA PANCHANG (आज का पंचाग) शनिवार saturday 09 January 2021 Haridwar – uttrakhand, एकादशी,जाने कब करें शुभ काम

गजाननम्‌ भूत गणादि सेवितम्‌।
कपित्थ जम्बू फलचारु भक्षणम्‌।।
उमासुतंम्‌ शोक विनाश कारकम्।
नमामि विघ्नेश्वर पद पाद पंकजम्‌।।

panchang पंचांग दिन शनिवार 09 january जनवरी 2021,पौस मास कृष्ण पक्ष , शरद ऋतु ,सूर्य दक्षिणायन , शक सम्वत १९४२, प्रमादी नाम शुभ सवंत्सर 2077 , सूर्योदय ०७:१४, सूर्यास्त १७:३४, तिथि एकादशी १९:१९ तक, नक्षत्र विशाखा १२:३३ तक,योग शूल १५:०० तक ,करण बव०८:३१ तक पश्चात बालव करण , चंद्रमा मेष राशि मे १७:१८ तक पश्चात वृश्चिक राशि मे, राहुकाल ०९:४९ से ११:०६ तक, अभिजीत नक्षत्र १२ :०३ से १२:४५ तक , दिशाशूल पूर्व

एकादशी

एकादशी के दिन सर्व प्राणिमात्रों की सात्त्विकता बढती है, इसलिए यह व्रत करने से लाभ प्राप्त होता है । शैव तथा वैष्णव इन दोनों संप्रदायों में एकादशी का व्रत किया जाता है । इस व्रत का महत्त्व तथा उसके प्रकार इस संदर्भ का विवेचन इस लेख में किया गया है ।

१. देवता
श्रीविष्णु
एकादशी इस व्रत की देवता श्रीविष्णु है ।

२. प्रकार
एकादशी के स्मार्त एवं भागवत ऐसे दो प्रकार हैं । जिस समय एक ही पक्ष में ये दो भेद संभव होंगे, उस समय पंचांग में यह स्पष्ट किया जाता है कि, पहले दिन स्मार्त तथा दूसरे दिन भागवत एकादशी है । शैव लोग स्मार्त एकादशी, तो वैष्णव लोग भागवत एकादशी का पालन करत हैं । प्रत्येक मास में दो, इस प्रकार वर्ष में चोवीस एकादशियां आती हैं । उनके संदर्भ की जानकारी आगे दी है । मास की दोनों एकादशियां करना उत्तम; किंतु यदि वह संभव नहीं है, तो न्यूनतम शुद्ध एकादशी तो करनी चाहिए ।

एकादशी व्रत का महत्त्व
अ. पद्मपुराण में एकादशी के व्रत का महत्त्व इस प्रकार बताया गया है ।

अश्वमेधसहस्त्राणि राजसूयशतानि च ।
एकादश्युपवासस्य कलां नार्हन्ति षोडशीम् ।। – पद्मपुराण

अर्थ : अनेक सहस्र अश्वमेध यज्ञ तथा सेंकडो राजसूय यज्ञों को एकादशी के अनशन के सोलहवे कला इतना ही, अर्थात् ६ १/४ प्रतिशत इतना भी महत्त्व नहीं है ।
आ. ‘एकादशी के दिन ब्रह्मांड में कार्यरत विष्णुतत्त्व के कारण वायुमंडल विष्णुतत्त्वयुक्त लहरियों से भारित रहता है । अतः एकादशी के दिन तुलसीपत्र विष्णुतत्त्व की लहरी अधिक मात्रा में ग्रहण करती है तथा उससे उसकी आध्यात्मिक स्तर पर कार्य करने की क्षमता वृद्धिंगत होती है

किसी शुभ कार्य को प्रारम्भ करने के लिए अमृत, शुभ, लाभ और चर, इन चार चौघड़ियाओं को उत्तम माना गया है और शेष तीन चौघड़ियाओं, रोग, काल और उद्वेग, को त्याग देना चाहिए। चौघड़िया मुहूर्त का चयन करते समय, वार वेला, काल वेला, राहु काल, और काल रात्रि के समय को त्याग दिया जाना चाहिए।

आज सभी कार्यो के लिए शुभ समय 02:59pm से 16:17 pm
नए व्यपार के लिए शुभ समय
01:41 pm से 14:59pm
धार्मिक कार्यों के लिए शुभ समय
08:31am से 09:49 am

SATURDAY (शनिवार )

(शनि ग्रह की शांति के लिए हल्दी ,सोना ,पीला कपड़ा ,पीली वस्तुओ आदि दान करना शुभ माना जाता है )

शनि मन्त्र का जाप करना भी लाभ कारी होता है ।(मंत्र ;ॐप्रां प्रीं प्रौं सः शनये नमः )

शनिवार को उपवास करना चाहिए।
( नीलम रत्न धारण करना शुभ होता है )

AAJ KA GRAH GOCHAR
शनिवार 09 january (जनवरी) 2021

(ग्रह -गोचर )aaj KA GRAH GOCHAR आज (ग्रह -गोचर )
सूर्य -धनु राशि ,चंद्र – वृश्चिक राशि,मंगल -मेष राशि, बुध मकर राशि,गुरु-मकर राशि , शुक्र -धनु राशि, शनि -मकर राशि,राहु -वृषभ राशि ,केतु -वृश्चिक राशि

हिन्दू धर्म में खरमास के महीने में किसी भी तरह के शुभ काम नहीं किए जाते। पंचांग की मानें तो जबसे सूर्य बृहस्पति राशि में प्रवेश करता है तभी से खरमास या मलमास प्रारंभ हो जाता है। हिन्दू धर्म में इस महीने को शुभ नहीं माना जाता है इसलिए इस महीने में किसी भी तरह के नए या शुभ काम नहीं किए जाते हैं। मलमास को मलिन मास माना जाता है। मलिन मास होने के कारण इस महीने को मलमास भी कहा जाता है।

भगवान् शिव माँ पार्वती आप सब की मनोकामना पूरी करे।

आपका दिन शुभ हो।