फैक्ट्री प्रबंधन और कर्मचारियों के बीच वार्ता बेनतीजा
लक्सर।
फैक्ट्री प्रबंधन और फैक्ट्री कर्मचारियों के बीच होने वाले तीन वर्षीय अनुबंध को लेकर चल रहे गतिरोध के मामले में टायर फैक्ट्री प्रबंधन और श्रमिक यूनियनों के बीच सहायक श्रमायुक्त कार्यालय में वार्ता हुई। लेकिन वार्ता में कोई नतीजा नहीं निकल सका। सहायक श्रमायुक्त ने अब 7 जुलाई को दोनों पक्षों को वार्ता के लिए बुलाया है। लक्सर स्थित जेके टायर फैक्ट्री प्रबंधन और कर्मचारियों की यूनियनों के बीच वेतन भत्तों व अन्य को लेकर पिछले दिनों तीन वर्षीय अनुबंध हुआ था। लेकिन फैक्ट्री की आठ श्रमिक यूनियन अनुबंध को मानने से इन्कार कर रही हैं। इन श्रमिक यूनियनों का कहना है कि प्रत्येक तीन साल में होने वाले अनुबंध के लिए हुई वार्ता के दौरान आठ श्रमिक यूनियनों के प्रतिनिधियों ने मांगे नहीं माने जाने पर बैठक का बर्हिगमन कर दिया था। इसके बाद फैक्ट्री प्रबंधन ने अपनी पॉकेट यूनियनों के साथ समझौता किया। लेकिन आठ यूनियनों से जुड$े 2 हजार से अधिक कर्मचारी इसके खिलाफ हैं। मामले में यूनियनों की आेर से शिकायत मिलने पर सहायक श्रमायुक्त ने दोनों पक्षों को वार्ता के लिए बुलाया था। जहां यूनियनों के पदाधिकारियों ने कहा कि फैक्ट्री प्रबंधन की आेर से जो ऑफर दिया गया है वह कर्मचारियों को स्वीकार नहीं है। वहीं फैक्ट्री प्रबंधन ने कहा कि 19 यूनियन ने समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं लिहाजा इसे माना जाना चाहिए। काफी प्रयासों के बाद भी मसले का समाधान नहीं निकलने पर वार्ता बेनतीजा समाप्त हो गई। जिसके बाद अब सहायक श्रम आयुक्त ने 7 जुलाई को दोनों पक्षों को फिर से वार्ता के लिए बुलाया है। वार्ता में फैक्ट्री के एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट डीआरपाई, एचआर धीरज शर्मा जबकि यूनियन की आेर से गोविंद, सहीपाल, अशोक कुमार, जितेंद्र, पंकज, सुधीर आदि शामिल रहे।
